देहरादून। कांग्रेस महासचिव और पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत से भाजपा के एक पूर्व विधायक समेत कुछ नेताओं की मुलाकात ने अचानक सियासत को गर्मा दिया। हालांकि हरीश रावत ने इसके किसी तरह के सियासी निहितार्थ से इनकार करते हुए इसे महज निजी मुलाकात बताया।
दरअसल, उत्तरकाशी जिले से भाजपा विधायक रहे मालचंद और पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष जशोदा राणा ने देहरादून में वरिष्ठ कांग्रेस नेता हरीश रावत से मुलाकात की। सियासी गलियारों में इसकी जानकारी सार्वजनिक होते ही कयासबाजी शुरू हो गई है। इस मुलाकात को वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव से जोड़कर देखा जाने लगा है। हालांकि फिर बाद में भाजपा नेताओं ने साफ किया कि यह मुलाकात राजनैतिक उद्देश्यों से नहीं की गई है।
पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष जशोदा राणा और पूर्व भाजपा विधायक मालचंद से संपर्क करने पर उन्होंने कहा कि दरअसल, वे लोग मशरूम उत्पादन से जुड़ी दिव्या रावत से मुलाकात के लिए देहरादून आए थे। उस वक्त दिव्या रावत हरीश रावत के आवास पर थीं, लिहाजा वे उनसे मुलाकात के लिए रावत के आवास पर ही चले गए थे। जशोदा राणा ने यह भी कहा कि उनका कांग्रेस में जाने का कोई सवाल ही नहीं है। उन्होंने ये भी कहा कि वह भाजपा से आगामी विधानसभा चुनाव में यमुनोत्री सीट से टिकट की दावेदारी कर रही हैं।
उधर, पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने भी कहा कि यह कोई राजनैतिक मुलाकात नहीं थी। गौरतलब है कि पिछले कुछ वर्षों में दो भाजपा विधायक कांग्रेस में जा चुके हैं। ये हैं पूर्व मंत्री मातबर सिंह कंडारी और भीमलाल आर्य। यह बात दीगर है कि ये दोनों ही नेता अब सियासी
परिदृश्य में कहीं नजर नहीं आ रहे हैं।











