नई दिल्ली। केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने बुधवार को हाल ही में हुए विधान परिषद चुनावों में खराब प्रदर्शन को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधा। जोशी ने तंज कसते हुए कहा, मत पत्र हो या इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम), कांग्रेस पार्टी का नतीजा एक जैसा ही रहता है। उन्होंने विधान परिषद चुनावों में कांग्रेस के एक भी सीट नहीं जीतने पर यह टिप्पणी की।
कांग्रेस तीन राज्यों में एक भी सीट नहीं जीत पाई है। महाराष्ट्र में भी पार्टी मुकाबले में पीछे है। वहां पांच सीटों के लिए मतगणना जारी है। सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन और विपक्षी महा विकास अघाड़ी (एमवीए) के बीच मुकाबला चल रहा है। लेकिन वहां भी कांग्रेस की स्थिति कमजोर दिखाई दे रही है। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि चार राज्यों में विधान परिषद की 28 सीटों पर चुनाव लड़ने के बावजूद कांग्रेस एक भी सीट नहीं जीत सकी।
वोट चोरी के आरोपों पर क्या बोले प्रह्लाद जोशी?
प्रह्लाद जोशी ने कहा, कांग्रेस लगातार वोट चोरी का मुद्दा उठाती है। वह लोकतांत्रिक संस्थाओं पर भी सवाल करती है। लेकिन जब चुनाव के नतीजे उसके पक्ष में नहीं आते, तो वह व्यवस्था को दोष देने लगती है। कांग्रेस शासित कर्नाटक का खास तौर पर जिक्र करते हुए उन्होंने कहा, पार्टी को करारी हार का सामना करना पड़ा। यहां तक कि विधान परिषद के मौजूदा सदस्य भी अपनी सीटें नहीं बचा सके।
उन्होंने कहा, कांग्रेस लगातार ईवीएम पर सवाल उठाती है। वह कथित गड़बड़ियों को लेकर भी शिकायत करती है। लेकिन जब मतपेटी के जरिये चुनाव हुए, तब भी पार्टी जीत दर्ज नहीं कर सकी। उसे शर्मनाक हार का सामना करना पड़ा। जोशी ने दावा किया कि चुनाव के नतीजों ने कांग्रेस के आरोपों की सच्चाई पर ही सवाल खड़े कर दिए हैं।
चार राज्यों में किन सीटों पर हुए चुनाव?
विधान परिषद के चुनाव चार राज्यों में स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की कुल 28 सीटों पर हुए थे।
उत्तर प्रदेश में विधान परिषद की 11 सीटों पर चुनाव हुए। इनमें पांच स्नातक निर्वाचन क्षेत्र और छह शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल थे।
बिहार में विधान परिषद की आठ सीटों पर चुनाव हुए। इनमें चार स्नातक निर्वाचन क्षेत्र और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र थे।
महाराष्ट्र में विधान परिषद की पांच सीटों पर चुनाव हुए। इनमें तीन स्नातक निर्वाचन क्षेत्र और दो शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल थे।
