विश्व भर में निर्वाचन प्रबंधन निकायों (EMBs) को मज़बूत बनाने में सहायता मिलेगी

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भारत इंटरनेशनल IDEA का संस्थापक सदस्य है और इसने शासन प्रक्रियाओं में सक्रिय रूप से हिस्सा लिया है और निर्वाचकीय शोध, क्षमता निर्माण और प्रशिक्षण कार्यक्रमों में सहयोग किया है। 90 करोड़ से ज़्यादा निर्वाचकों के साथ दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र होने के नाते, भारत को वर्ष 2026 के लिए इंटरनेशनल IDEA का अध्यक्ष बनने से निर्वाचकीय प्रशासन में अपने अ‌द्वितीय अनुभव का लाभ मिलेगा, जिससे विश्व भर में निर्वाचन प्रबंधन निकायों (EMBs) को मज़बूत बनाने में सहायता मिलेगी।
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार 3 दिसंबर 2025 को स्टॉकहोम, स्वीडन में भारत की ओर से इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट फॉर डेमोक्रेसी एंड इलेक्टोरल असिस्टेंस (इंटरनेशनल IDEA) के अध्यक्ष का पद ग्रहण करने वाले हैं। यह भारत निर्वाचन आयोग और भारत के सभी चुनाव कर्मियों द्वारा संचालित स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी चुनावों को प्राप्त वैश्विक मान्यता को परिलक्षित करेगा।
वर्ष 1995 में स्थापित इंटरनेशनल IDEA, एक अंतर-राज्यीय (Inter-Governmental) संगठन है। इसमें वर्तमान में 35 सदस्य देश हैं और संयुक्त राज्य अमेरिका और जापान प्रेक्षक देश (observer countries) हैं। (सदस्य देशों और उनके संबंधित निर्वाचक समूहों की सूची संलग्न है)। इंटरनेशनल IDEA को 2003 से संयुक्त राष्ट्र महासभा में प्रेक्षक (observer) का दर्जा (status) प्राप्त है।इंटरनेशनल IDEA के अध्यक्ष का पद ग्रहण करेंगे CEC ज्ञानेश कुमार, स्थापना के 30 साल पूरेइंटरनेशनल IDEA की स्थापना के 30 साल पूरे हो गए हैं। भारत इसके संस्थापक देशों में से एक है। मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार 3 दिसंबर को इंटरनेशनल IDEA के अध्यक्ष का पद ग्रहण करेंगे