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नहीं थम रहा BJP-BRS का पोस्टर वॉर, हैदराबाद में भाजपा नेता बी.एल संतोष को वांटेड बताया
तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद में भाजपा के वरिष्ठ नेता बीएल संतोष का कथिक पोस्टर चस्पा हुआ है, जिस पर संतोष की फोटो के साथ ‘वांछित’ और ‘लापता’ लिखा हुआ है।
तेलंगाना की सत्तारूढ़ बीआरएस और विपक्षी भाजपा के बीच रविवार को हैदराबाद में नए पोस्टर सामने आए, जिसमें मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव की बेटी के. कविता को दिल्ली आबकारी नीति घोटाला मामले में अपराधी के रूप में दिखाया गया है। पोस्टरों में सीएम केसीआर, उनके बेटे केटीआर, कविता और परिवार के अन्य सदस्यों को निशाना बनाया गया है। केसीआर, केटीआर, कविता, हरीश राव की तस्वीरों वाला एक दीवार पोस्टर फिल्म के पोस्टर की तरह दिखाई देता है। इसका शीर्षक कल्वकुंतल डोंगलामुथा’ (चोरों का कल्वकुंतल गिरोह) दिया गया है। पोस्टर में लिखा है : ‘कहानी, पटकथा, संवाद और निर्देशन केसीआर द्वारा’।
पोस्टर में बी.एल संतोष को दिखाया अपराधी
एक अन्य पोस्टर में शराब की बोतलों के साथ कविता की तस्वीर और मामले में उसकी कथित संलिप्तता के बारे में टिप्पणी की गई है। भाजपा के ये पोस्टर स्पष्ट रूप से कुछ दिनों पहले भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) के समर्थकों द्वारा लगाए गए पोस्टर के जवाब में हैं, जिसमें भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव बी.एल. संतोष को एक अपराधी के रूप में दिखाया गया है और 15 लाख रुपये देने के वादे को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को निशाना बनाया गया है। शहर के अलग-अलग हिस्सों में लगे पोस्टर पर लिखा है, “विधायकों की खरीद-फरोख्त में प्रतिभाशाली। इसमें ‘इनाम’ की भी घोषणा की गई है और लिखा है ‘मोदी के 15,00,000 रुपये के वादे की स्वीकृति।”ईडी के सामने पेश होने पर बीआरएस समर्थकों ने पिछले हफ्ते लगाएं थे पोस्टर गुरुवार को दिल्ली में ईडी द्वारा कविता से दूसरे दौर की पूछताछ से पहले ये पोस्टर सामने आए। हालांकि, समन को चुनौती देने वाली उनकी याचिका पर सुप्रीम कोर्ट द्वारा सुनवाई का हवाला देते हुए वह एजेंसी के सामने पेश नहीं हुईं। बीआरएस नेताओं ने आरोप लगाया कि संतोष विशेष जांच दल (एसआईटी) के सामने पेश न होकर विधायकों की खरीद-फरोख्त मामले की जांच से भाग गए। कविता के पहली बार ईडी के सामने पेश होने पर बीआरएस समर्थकों ने पिछले हफ्ते पोस्टर भी लगाए थे। पोस्टरों के माध्यम से बीआरएस ने यह दर्शाने की कोशिश की कि कैसे केंद्र की भाजपा सरकार ने दलबदलुओं को साफ करने के लिए ‘रेड डिटर्जेट’ का इस्तेमाल किया। हैशटैग ‘बाय बाय मोदी’
पोस्टरों में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की तस्वीरें थीं, जिन पर कांग्रेस से भाजपा में जाने से पहले भ्रष्टाचार के आरोप लगे थे। हैशटैग ‘बाय बाय मोदी’ के साथ, पोस्टर दिखाते हैं कि कैसे ‘छाप डिटर्जेट’ ने दागी नेताओं को भगवा रंग में रंग दिया। पोस्टरों में छापे से पहले और बाद में कविता की तस्वीर भी थी, जिसमें कैचलाइन ‘ट्रू कलर्स नेवर फेड’ लिखा था। बीआरएस पर पलटवार करते हुए भाजपा ने दलबदल को लेकर सत्तारूढ़ पार्टी को निशाना बनाने वाले पोस्टर और होर्डिग भी लगाए थे।

By Admin

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